यदी कुरान मुकम्मल किताब है तो आपके कलमे और नमाज की पद्धति का उसमे जिक्र क्यों नही ?

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कलमा कोई मन्त्र की तरह की चीज़ नहीं है कि वो मन्त्र पढ़ने से कुछ हो जाता है, बल्कि शहादा यानि गवाही देना, इकरार करना कि अल्लाह के सिवा कोई…

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अजान माइक में ही पढ़ी जाये ये जरूरी है क्या इस्लाम के हिसाब से ?

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सबसे पहले तो जान लीजये कि इस्लाम या मुसलमानों में गैर मुसलमानों पर इस्लाम का प्रभुत्व स्थापित करने की कोई रणनीति ना कभी थी और ना है और ना कभी…

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इस्लाम एक शांति प्रिय धर्म है तो फिर इतिहास के पन्नो से लेकर अब तक मुसलमानो ने ही सबसे ज्यादा मुसलमानों का खून क्यों बहाया है?

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धर्म तो सब ही शांति प्रिय होते हैं, वो कौनसा धर्म है जो शांति नहीं चाहता या शांति का सन्देश नहीं देता ? अगर कोई धर्म हिंसा और अशांति की…

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जहां तक मेरी जानकारी है इस्लाम के अनुसार इंसान का केवल एक जन्म होता है। इस्लाम में पुनर जन्म को नहीं मानते ।उदाहरण के तौर पर अगर किसी इंसान को जन्मजात बीमारी है जिसके कारण वो दुःख भोगता है अल्प आयु में मृत्यु को प्राप्त होता है तो इसमें उस व्यक्ति के साथ ज़्यादती नहीं है कि उससे एक ही जीवन मिला वो भी ऐसा ।इस्लाम में इस तरह के उदाहरण को किस तरह से समझाएँगे कृपया प्रकाश डालिये।

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जन्म से कुछ खराबी होना ठीक ऐसे ही बीमारियों की वजह से होता है जैसे जन्म के बाद किसी बिमारी से किसी का कोई अंग ख़राब हो जाए.सही दवा, रहन…

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जो ईमान पर ना हो क्या उसको काफिर बोल सकते है?

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जी नहीं, हमें ऐसे ही किसी को भी काफ़िर कहने का हक नहीं है हम सिर्फ उसको कह सकते हैं जिसे कुरआन या अल्लाह के रसूल सल्ल० ने काफ़िर कहा…

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हलाला क्या है?

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इस्लाम ने "एक रिश्ता ए निकाह" में तीन बार तलाक़ का प्रावधान रखा है। अगर कोई मर्द ये तीनों हक़ (अलग अलग मौकों पर) इस्तेमाल कर लेता है तो फिर…

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कुरान के अनुसार अल्लाह शिर्क की सजा के रूप में अनंत काल तक जहन्नुम में जलाएगा। शिर्क की कोई क्षमा नही। अब अनंत काल की सजा है तो निश्चित यह सुधार के लिए तो होगी नहीं। तो अल्लाह यह सजा क्यों देता है? A. भड़ास निकालने के लिए B. बदला लेने के लिए C. अहंकार संतुष्टि के लिए D. उपरोक्त सभी कारण हैं। यदि” दोजख ” तो क्या ये दूसरे धर्म के प्रति द्वेष पूर्ण बात नही है ?

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फिर बात ये भी है कि ईश्वर ने शिर्क की गुंजाईश (संभावना) ना तो इंसानी फितरत (प्रकृति) में रखी है।- इसका मतलब है हर कोई अपने अंतर्मन में ये गवाही…

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इस्लाम मैं संगीत सुनना क्या हराम है ???

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शायरी करना या सुनना, संगीत सुनना या बजाना, डांस करना या देखना, एक्टिंग करना या देखना, ग़ज़ल गाना या सुनना, विडियो गेम खेलना या देखना या कोई और खेल खेलना…

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इन्सान का बुनयादी सवाल- हमें क्यूँ पैदा किया गया है ??

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बारिश थी कि थमने का नाम नहीं ले रही थी . अनवर अपने टीन की छत वाले मकान में दुबका बैठा था. उसकी गोद में छह माह का बच्चा और…

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अगर इस्लाम सच्चा है तो फिर मैं हिंदू क्यों ?

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असल में हम मुसलमान समझते हैं कि हम सिर्फ कर्म की आज़माइश (परीक्षा) में हैं यानि हम को शुरू से हिदायत मिली हुई है हमारा काम सिर्फ कर्म है (ईमान…

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